Thukai Hindi sex stories

Desi chudai ki kahaniya

पल्लवी दीदी की तड़प हुई खत्म

हाय फ्रेंडस कैसे हैं आप सब. मेरा नाम राहुल है उम्र 22 साल ओर मेरी स्वीट दीदी पल्लवी की उम्र 24 साल और फिगर 34-30-34 है. हमारे घरवाले जब मेरे मामा जी के यहाँ दस दिन के लिये शादी मैं गये थे इस कारण हम दोनो भाई बहन घर मैं अकेले ही थे.

मैं ओर दीदी खूब इन्जॉय कर रहे थे जब मेरा या दीदी का दिल करता तो हम एक दूसरे को बोल देते ओर हमारी चुदाई शुरू हो जाती ओर रात को तो हम नंगे ही एक दूसरे के साथ एक ही बेड पर होते ओर दीदी को चोदने के बाद मेरा लंड उनकी चूत मैं ही रहता ओर मेरा जब दिल करता मैं दुबारा झटके देना शुरू कर देता दीदी भी मुझे मना नही करती ओर मेरा पूरा साथ देती दीदी को मेरा लंड चूसने मैं बहुत मज़ा आता है ओर मुझे उनकी चूत का पानी चाटने मैं जब दीदी मेरा पूरा लंड अपने पिंक लिप्स से अपने मुँह मैं लेती तो इतना मज़ा आता की बस दीदी को मैं सिर से पकड़ लेता ओर लंड को बाहर निकालने का मेरा मन नहीं करता ओर दीदी भी यही चाहती थी की उसके भाई का लंड मुँह मैं ही रहे 6 दिन बीत चुके थे हमारी चुदाई को अगले दिन दीदी को अपनी पढाई के सिलसिले मैं 2 दिन के लिये जाना पड़ा.

अब मैं घर मैं अकेला रह गया था वो 2 दिन बिताने मेरे लिये बहुत मुश्किल थे लेकिन मैं दीदी को कॉल करके उनके बारे मैं पूछता रहता वो 2 दिन हम दोनो भाई बहन ने बहुत मुश्किल से काटे. जब दीदी आई तो मैने डोर ओपन किया ओर दीदी ने अंदर आते ही डोर को लॉक कर मुझे वही लिप पर किस करने लगी मेने दीदी से कहा की दीदी थोड़ा आराम तो कर लो आप तो आते ही स्टार्ट हो गये तो दीदी ने कहा राहुल तू नही जानता मेरा क्या हाल हुआ है 2 दिन ओर तू आराम के लिये बोल रहा है तो मैं भी दीदी के मुँह को पकड़ कर उनके लिप पर किस करने लगा दीदी तो जेसे पहले से ही गर्म थी.

मैं अपनी जीभ को दीदी के मुँह मैं डालता ओर दीदी फिर मेरे मुँह मैं अपनी जीभ घुमाती मैं साथ मैं दीदी के बूब्स भी मसल रहा था तो दीदी बोली राहुल मेरी शर्ट उतार कर मसल ओर मैंने लिप पर किस करते हुये दीदी के बटन खोले ओर शर्ट उतार दी दीदी की पिंक ब्रा के उपर से ही मैं उनके बूब्स की निपल को चूसने लगा दीदी मेरे सिर मैं हाथ फेरती रही दीदी की ब्रा मेरे मुँह के पानी से गीली हो गई थी लेकिन मैं एक बूब्स को हाथ से मसलता ओर दूसरे को चूसता फिर दूसरे को चूसता ओर पहले को मसलता दीदी की गीली ब्रा से उनकी निपल दिखाई देने लगी दीदी ने अपने पीछे हाथ डाल कर अपनी ब्रा का हुक खोल दिया ओर हाथो को सीधा कर अपनी ब्रा उतारने के लिये बोला मेने बड़े प्यार से दीदी की ब्रा पकड़ी ओर उतार दिया.

फिर अपनी दीदी को देखने लगा तो दीदी बोली राहुल पहले नही देखा क्या जो आज इतने प्यार से देख रहा है चल जल्दी कर मेरा हाल तो देख क्या है तो मेने कहा दीदी आपके हाल का तो पता नही पर मुझसे पूछो मेने कैसे 2  दिन काटे आपके बगैर ओर फिर से मैं दीदी की निपल को चूसने लगा दीदी मेरे मुँह को अपने बूब्स पर दबाने लगी ओर मुझे ओर अंदर ले राहुल आअहह मेरे भाई जितना अंदर ले सकता है लो आअहह तेरी दीदी दो दिन से प्यासी है मेरे भाई दीदी का दूध पी अच्छे से आअहह ऊओ बोलने लगी दीदी की ऐसी तड़प को देख कर मैं भी जितना अंदर ले सकता लेता रहा दीदी के बूब्स लाल हो गये थे फिर दीदी मेरे कपड़े उतारने लगी ओर सिर्फ़ मुझे अंडरवेयर मैं कर दिया ओर नीचे बेठ कर मेरे लंड को बाहर निकाला ओर मज़े से किस करने ओर चाटने लगी.

दीदी सच मैं बहुत तड़प रही थी ओर मेरे लंड को चूसने लगी मैं बिल्कुल नंगा था ओर दीदी ने अभी पेंटी पहनी थी दीदी मेरे लंड को बड़ी जोर से चूस रही थी मेने दीदी से कहा की दीदी आराम से करो यही हूँ मैं ओर मेरे भाई ओर दीदी हँसने लगी ओर बोली राहुल तू चुपचाप खड़ा हो जा मुझे जो करना है में वो करती रहूंगी अगर ज्यादा बोला ना तो काट लूँगी मेने कहा दीदी पर आराम से करो ओर मैं दीदी के बालो मैं हाथ फेरता रहा दीदी को मैं जानता था वो पहले मेरा पानी पीना चाहती थी क्योकी बाद मैं जब मैं उनको चोदू तो टाइम ज्यादा लगे मेरे मुँह से आआहह दीदी प्लीज आअहह अब छोड़ दो इसे ओर मुझे आपको चोदना है प्लीज छोड़ो इसे आअहह ऐसे तो में जल्दी झड़ जाऊंगा दीदी प्लीज लेकिन दीदी कहा छोड़ने वाली थी बस चूसने मैं बिज़ी हो रही थी ओर अब मेने दीदी के सिर को पकड़ा ओर झटके मार कर खुद दीदी के मुँह को चोदने लगा.

मेरा लंड दीदी के गले तक पूरा जा रहा था पर दीदी ने मुझे बिल्कुल भी पीछे नही किया ओर ऐस ही मेरे लंड को मुँह मैं लेती रही मेने झटको की स्पीड ओर तेज की ओर आआहह ऊओह दीदी आआ पल्लवी मेरी बहन आआआहह मैं झड़ रहा हूँ बस इतना ही बोला ओर दीदी के मुँह को लंड के पानी से भर दिया दीदी बड़ी बेसब्री से पानी को पी गई ओर जब तक मेरा लंड खड़ा रहा मुँह मैं लेकर चूसती रही ओर फिर जब मेरा लंड बेठ गया तो अच्छे से चाट कर साफ कर दिया ओर बोली कैसा लगा राहुल तो मेने कहा दीदी आप ऐसे चूसते हो तो मुझे कैसा क्या लगना मज़ा ही आयेगा पर दीदी अब थोड़ा इन्तजार करो इसे खड़ा होने दो फिर करता हूँ आपकी चुदाई तो दीदी खड़ी हुई ओर अपनी पेंट को उतारने लगी जब दीदी ने उतारी ओर उनकी रेड पेंटी मेने देखी तो एकदम गीली हुई थी पेंटी पर पानी लगा था मैं अपनी उंगली दीदी की गीली पेंटी के उपर से ही चूत मैं डालने लगा मेरी उंगली भी पूरी गीली हो गई थी.

तब मैं नीचे बेठा ओर दीदी की पेंटी को चाटने लगा दीदी ओर खड़ी हुई और मेरे सिर मैं हाथ फेरने लगी मैं अपने मुँह से दीदी की पेंटी के उपर से ही चूत को चूसने लगा ओर पेंटी के साइड में से 2 उंगली डाल कर दीदी की चूत मैं डालने लगा दीदी आअहह अहह राहुल्ल्ल्ल ऊओह मेरे भाई क्या कर रहे हो करने लगी ओर मैं पेंटी के उपर से ही चूत को चूसता रहा ओर अपनी उंगलियो को जब दीदी की चूत से बाहर निकालता और चाट लेता ओर फिर से चूत मैं डाल देता ऐसा करते हुये 6 या 7 मिनिट हो गये थे मुझे ओर दीदी आआहह ऊऊओह हमम्म आअहह करते हुये मेरे बालो मैं हाथ फेरती रही फिर अब दीदी की पेंटी पर मेरे मुँह का पानी ही लगा था उनका लसेदार पानी तो मैं चाट गया था ओर फिर मेने दीदी की रेड पेंटी उतार दी ओर दीदी को ज़मीन पर दीवार के सहारे लेटा दिया ओर दीदी की टांगो को खोल कर चूत चाटने लगा.

अब मेरा लंड भी खड़ा होने लगा दीदी की चूत मैं तो जेसे पानी भरा था लगातार दीदी की चूत पानी बहा रही थी ओर मैं उस पानी को चाट रहा था दीदी आअहह ऊऊहह भाई करते रहो ओर मैं जितनी अपनी जीभ को चूत मैं ले जाता दीदी ओर उतनी तेज आवाज़े निकालती दीदी ने अपनी टांगो को मेरी पीठ पर फोल्ड किया ओर मेरे मुँह को चूत पर टिकाये रखा मैं लगातार चूत को चाट रहा था दीदी भी हल्के हल्के झटको से मेरे मुँह पर अपनी चूत उठाने लगी ओर बोली की राहुल मैं झड़ने वाली हूँ आआआहह राहुल ओर मैं भी चूत से निकला पानी पीना चाहता था तो चाटता ही रहा दीदी मेरे सिर को पकड़ कर चूत पर दबाने लगी ओर मैं जीभ चूत के ओर अंदर करने लगा.

दीदी आआहह ओह राहुल हटना मत आआअहह मैं झड़ रही हूँ ओर मेरे मुँह पर चूत के झटके मारते हुये आआआहह ऊओह आअहह ऊओ राहुल पी जाओ आअहह ह्म्‍म्म्म करते हुये झड़ गई मेने अपनी जीभ निकाल ली ओर चूत को चाटता रहा दीदी हमम्म मेरे भाई अच्छे से चाट कर पी जा दीदी की चूत का पानी आहह करते हुये मुझसे चूत को साफ करवाने लगी पर चूत से पानी अब भी नही रुका दीदी अब शांत हो गई थी. ओर मेरा लंड खड़ा हो चुका था. दीदी ने अपनी टांगो को खोला ओर ऐसे ही बेठ गई. फर्श पर भी दीदी की चूत का पानी लगा था. ओर टाँगे खोल कर बेठ गई अब मैं खड़ा हुआ ओर दीदी के मुँह के पास अपना लंड कर दिया दीदी थोड़ा आगे बड कर लंड को चूसने लगी 3 या 4 मिनिट तक लंड चुसवाने के बाद मेने दीदी को खड़ा किया ओर दीवार से दीदी को उल्टा खड़ा कर दिया ओर दीदी के साथ चिपक गया मेरा लंड दीदी के गांड के होल से लगने लगा.

दीदी ने कुछ नही कहा बिल्कुल सीधा खड़े रहे मैं दीदी के बालो को हटा कर गर्दन पर किस कर रहा था ओर एक हाथ से अपने लंड को दीदी के गांड के होल के उपर ही रग़ड रहा था दीदी बोली की राहुल तेरे इरादे ठीक नही हैं आज तो मेने कहा की क्या हुआ दीदी तो बोली अपने लंड को यहा से हटा तुझे पहले भी बोला है की ये गिफ्ट मैं तुझे तेरे बर्थ-डे पर दूँगी मेने कहा दीदी आप भी ना मैं तो उपर ही रग़ड रहा हूँ अंदर थोड़े ना डाल रहा हूँ आप चुप रहो प्लीज ओर फिर से स्टार्ट हो गया मैं दीदी की पीठ पर हाथ फेरता ओर किस करता रहा दीदी फिर से गर्म हो चुकी थी दीदी की पीठ को सहलाने मैं मुझे बहुत मज़ा आ रहा था जब मैं दीदी के बालो को साइड मैं करके अपनी जीभ दीदी की पीठ पर उपर से नीचे फेरता तो दीदी मचल उठती ओर फिर मैं दीदी को पास ही बनी एक खिड़की के पास ले गया ओर उन्हें दीवार के कॉर्नर को पकड़ कर घोड़ी बनने को बोला दीदी भी आराम से घोड़ी बन गई.

मैं नीचे बेठा ओर पीछे से दीदी की चूत मैं जीभ फेरने लगा दीदी आआहह राहुल्ल्ल्ल बस कर मेरे भाई अब अपने लंड को दीदी की चूत मैं डालो ये बहुत तड़प रही है प्लीज सीधा खड़ा हो ज़ा ओर एक झटके मैं लंड को चूत की गहराई मैं उतार दे ओर मैं सीधा खड़ा हुआ ओर लंड के टॉप को दीदी की चूत पर उपर से नीचे ओर नीचे से उपर करने लगा मेरे ऐसा करने से दीदी की चूत का वो ही हिस्सा खुलता जहा से लंड का टॉप गुज़रता दीदी हमम्म्म करते हुये बोली अब खेलता रहेगा बहन की चूत से या अंदर भी डालेगा.

एक बार अच्छे से चोद दे मुझे फिर बाद मैं जेसे मर्ज़ी हो करते रहना प्लीज अब डाल दीदी कुछ ज्यादा ही तड़प रही थी ओर मेने भी एक जोरदार धक्का मारा ओर लंड को चूत की गहराई मैं उतार दिया दीदी आअहह उूउउइ ऊओ करते हुये आगे को हुई जिससे लंड थोड़ा बाहर निकल गया मेने दीदी को जाँघो से पकड़ा ओर अपनी तरफ खींचा मेरा लंड फिर से दीदी की चूत मैं समा गया ओर मैं झटके मारने लगा दीदी की चूत थोड़ी टाइट लग रही थी क्योकि दो दिन से दीदी की चुदाई जो नही हुई थी दीदी आआहह ऊऊहह राहुल मी फुक चोद अपनी बहन की चूत को आअहह मेरे भाई अच्छी तरह से चोद अपनी दीदी को में ज़ोर से झटके मार रहा था आआहह राहुल आअहह मारो मुझे राहुल मारो अपनी दीदी की चूत आआहह करते रहो मैं भी पूरी तेज़ी से दीदी की चूत की चुदाई कर रहा था दीदी के बूब्स पूरी जोरो से हिल रहे थे.

मेने एक हाथ से दीदी के बूब्स पकड़ लिये ओर मसलने लगा जब मेरा लंड दीदी की चूत मैं उतरता तो रूम मैं ताप ताप की आवाज़ आती ओर दीदी के मुँह से तो आअहह ऊऊहह की आवाज़े आ ही रही थी दीदी ओर मैं पूरी मधहोशी मैं चुदाई कर रहा था तभी मेरा ध्यान दीदी के गांड के होल पर गया मेने दीदी से बिना कुछ कहे एक उंगली दीदी के गांड के होल मैं डाल दी दीदी ज़ोर से चिल्लाई ओर आआहह उूउउइईईई ऊऊहह राहुल उंगली निकाल वहा से प्लीज आअहह निकाल्ल्ल दर्द हो रहा है मेरे भाई प्लीज ओर मेने उंगली निकाल दी दीदी की गांड सच मैं बहुत टाइट है ये सोच कर मेने भी दोबारा गांड की तरफ ध्यान नही दिया ओर चूत मारता रहा.
मैं अब झड़ने के करीब था ओर मैने अपनी स्पीड ओर बड़ा दी कुछ दीदी की आवाज़े मुझे ओर उत्तेजित कर रही थी ओर मेने दीदी से कहा की मैं झड़ने वाला हूँ दीदी आअहह दीदी जल्दी बोलो कहा निकालु तो दीदी बोली राहुल मेरी चूत 2 दिन से प्यासी है तेरे पानी की एक भी बूँद मेरी चूत से बाहर ना निकले भर दे मेरी चूत को अपने पानी से आआअहह राहुल्ल मेरे भाई ऊओह प्लीज मिटा दे अपनी दीदी की चूत की प्यास आअहह राहुल ओर दीदी की ये अवाजे सुनते हुये मैं भी आआहह ऊओह दीदी मैं झड़ रहा हूँ आआअहह ऊऊहह दीदीईईईई आअहह पल्लवी मेरी प्यारी बहन आअहह करता हुआ दीदी की चूत मैं झड़ गया दीदी आआहह ऊऊहह राहुल भर दिया तूने अपनी बहन की चूत को आआअहह मेरे भाईईईई करते हुये मेरे पानी की गर्मी से झड़ गई.

मैं फिर भी दीदी की चूत मैं झटके मारता रहा जब मेरा लंड छोटा होने लगा तो दीदी की चूत का ओर मेरा पानी दीदी की टांगो से होता हुआ नीचे बहने लगा फिर मेने अपना लंड दीदी की चूत से बाहर निकाला ओर दीदी को सीधा करके उनके लिप पर किस करने लगा दीदी ने भी मुझे किस की ओर आइ लव यू भाई बोल कर बाथरूम मैं नंगी ही जाने लगी दीदी के बूब्स एकदम लाल हो गये थे ओर चूत गीली थी मैं भी दीदी के पीछे बाथरूम मैं गया ओर साथ में ही बाथ लिया फिर मैं दीदी को उठा कर बेड पर ले आया तब दीदी ओर मेने अपने दूसरे कपड़े पहने ओर आराम करने लगे तो दोस्तों ये थी मेरी स्टोरी …

(Visited 67 times, 1 visits today)
Updated: January 12, 2016 — 9:19 am
Thukai © 2016 Frontier Theme